BIS

Explore

Search

Monday, September 21, 2026, 7:13 am

Monday, September 21, 2026, 7:13 am

LATEST NEWS
Lifestyle

राष्ट्र की पहली संपत्ति: स्वास्थ्य, अनुशासन और नशा मुक्त भारत

राष्ट्र की पहली संपत्ति: स्वास्थ्य, अनुशासन और नशा मुक्त भारत
Share This Post

“स्वस्थ शरीर से बड़ी कोई संपत्ति नहीं।” मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में नमो युवा रन के शुभारंभ अवसर पर यह संदेश देकर केवल युवाओं को दौड़ के लिए प्रेरित नहीं किया, बल्कि एक गहरी राष्ट्रीय चेतना को जगाया। उनका आह्वान स्पष्ट था राष्ट्र की शक्ति युवाओं के स्वास्थ्य और समाज की नशे से मुक्ति में निहित है।

दौड़ केवल खेल आयोजन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण का रूपक है। प्रत्येक कदम का अनुशासन, थकान से संघर्ष और लक्ष्य तक पहुँचने का संकल्प वही मूल्य हैं जो भारत की विकास यात्रा के लिए अनिवार्य हैं। जब मुख्यमंत्री ने “राष्ट्र प्रथम” का मंत्र दिया, तो उन्होंने उस मूल भावना को स्वर दिया जिसने भारत को आज विश्व पटल पर प्रतिष्ठित किया है।

CG

आज भारत एक द्वंद्व का सामना कर रहा है। एक ओर हमारे खिलाड़ी वैश्विक मंचों पर देश का नाम रोशन कर रहे हैं, तो दूसरी ओर नशे की बढ़ती समस्या युवा पीढ़ी की ऊर्जा को क्षीण कर रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी बार-बार यह रेखांकित कर चुके हैं कि नशे के खिलाफ संघर्ष केवल कानून व्यवस्था का विषय नहीं है, बल्कि समाज के पुनर्वास और गरिमा की पुनर्स्थापना का सामूहिक प्रयास है।

इसी क्रम में सेवा पखवाड़ा (17 सितम्बर से 2 अक्टूबर) को केवल सरकारी अभियान के रूप में नहीं, बल्कि नागरिक उत्तरदायित्व के प्रतीक के रूप में देखना चाहिए। फिटनेस, संयम और नशामुक्ति ये किसी संकीर्ण सोच के आदेश नहीं, बल्कि उस राष्ट्र के व्यावहारिक मंत्र हैं जो विश्वगुरु बनने की आकांक्षा रखता है। गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर संयम का यह स्मरण विशेष महत्व रखता है स्वतंत्रता तभी सार्थक है जब आत्मसंयम से जुड़ी हो, और समृद्धि तभी टिकाऊ है जब अनुशासन से पोषित हो।

नमो युवा रन ने एकता का संदेश दिया, लेकिन असली चुनौती इस भावना को नीतियों, सामाजिक पहलों और सतत जनजागरण में बदलने की है। नशा मुक्त भारत का निर्माण किसी क्षणिक पहल से नहीं होगा। यह एक लंबी दौड़ है, जिसमें धैर्य, संकल्प और निरंतर गति ही सफलता की कुंजी होगी।

भारत यदि वास्तव में 21वीं सदी का विश्वगुरु बनना चाहता है, तो सबसे पहले अपने नागरिकों के स्वास्थ्य और अनुशासन को सुनिश्चित करना होगा। जैसा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा राष्ट्र की पहली और सबसे बड़ी संपत्ति स्वास्थ्य है। जो देश अपनी युवा शक्ति की रक्षा करता है, संयम को नागरिक गुण बनाता है और अनुशासन को जीवनमूल्य में बदल देता है, वही विश्व का सिरमौर बन सकता है।


Share This Post

Leave a Comment

advertisement
TECHNOLOGY
Voting Poll
[democracy id="1"]